सोना-चांदी, पैसा-जमीन ये सबकुछ नहीं, अगले 5-10 साल में सबसे ज्यादा कीमती होगी ये चीज!
Zerodha के को-फाउंडर निखिल कामत का मानना है कि अगले 10 सालों में इलेक्ट्रॉन और ऊर्जा करेंसी बन सकते हैं.
डेटा सेंटर्स और AI की बिजली खपत बढ़ने से ऊर्जा का महत्व बढ़ेगा.
हाइलाइट्स
इलेक्ट्रॉन और ऊर्जा भविष्य में करेंसी बन सकते हैं.
डेटा सेंटर्स और AI की बिजली खपत बढ़ रही है.
2030 तक डेटा सेंटर्स दुनिया की 10% बिजली खपत करेंगे.
Zerodha के को-फाउंडर निखिल कामत ने हाल ही में एक ऐसी बात कही है जिससे लगता है कि आने वाले समय में कैश, सोना, चांदी, कीमती आभूषण या जमीन कुछ उतना वैल्यूएबल नहीं रहेगा जितनी ये चीज हो जाएगा.
उनका मानना है कि आने वाले 10 सालों में इलेक्ट्रॉन और ऊर्जा (energy) हमारी करेंसी बन सकते हैं.
कामत की यह सोच सिर्फ एक कल्पना नहीं, बल्कि तेजी से बढ़ते डेटा सेंटर्स और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की बिजली खपत पर आधारित रिसर्च से जुड़ी है
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